छत्तीसगढ़

नन्हे कदम, बड़े सपने—धमतरी में ‘शाला प्रवेशोत्सव’ से नई शैक्षणिक यात्रा का आगाज

बच्चों को वितरित होगी साइकिल, गणवेश और किट

       रायपुर। छत्तीसगढ़ के नवीन शैक्षणिक सत्र का भव्य एवं उत्साहपूर्ण आगाज करने के उद्देश्य से कल, 30 जुलाई को धमतरी स्थित मराठा मंगल भवन में सुबह 11 बजे जिला स्तरीय ‘शाला प्रवेशोत्सव’ का गरिमामय आयोजन किया जा रहा है। विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तकें एवं शाला गणवेश (यूनिफॉर्म) वितरित की जाएगी। ​सरस्वती साइकिल योजना के तहत पात्र छात्राओं को आत्मनिर्भरता और सुगम आवागमन के लिए निःशुल्क साइकिलें सौंपी जाएंगी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन, पुनर्वास तथा उच्च शिक्षा मंत्री और धमतरी जिले के प्रभारी मंत्री श्री टंकराम वर्मा होंगे।

​वृक्षारोपण से शुरुआत, आत्मीय स्वागत के साथ बटेंगी सामग्री

       ​प्रवेशोत्सव का शुभारंभ हरियाली और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने वाले वृक्षारोपण अभियान से होगा। इसके बाद स्कूल की चौखट पर कदम रख रहे नवप्रवेशी नन्हें-मुन्नों का तिलक लगाकर और आत्मीय अभिनंदन कर स्वागत किया जाएगा। ​इस दौरान बच्चों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत कई सौगातें दी जाएंगी। इसी तरह विशेष आवश्यकता वाले दिव्यांग विद्यार्थियों को उनकी सुविधानुसार सहायक उपकरण/सामग्री वितरित होगी।

​प्रतिभाओं का सम्मान, रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और ‘न्योता भोज’

       ​कार्यक्रम में शैक्षणिक, खेलकूद, सांस्कृतिक व अन्य सह-शैक्षणिक गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली जिले की होनहार प्रतिभाओं को मुख्य अतिथि द्वारा पुरस्कृत कर सम्मानित किया जाएगा। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम समारोह में आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेंगे।

बच्चों के लिए विशेष रूप न्योता भोज का आयोजन

       ​बच्चों के लिए विशेष रूप से आयोजित ‘न्योता भोज’ उनके नए स्कूली जीवन को यादगार बनाएगा। इससे बच्चों के भीतर विद्यालय के प्रति अपनत्व, उल्लास और नए आत्मविश्वास का संचार होगा। जिला प्रशासन एवं शिक्षा विभाग ने सभी सम्पादकों, जनप्रतिनिधियों, पालकों, शिक्षकों, गणमान्य नागरिकों तथा आम जनता से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर बच्चों का उत्साहवर्धन करें।

​हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुँचाने का संकल्प

       ​शाला प्रवेशोत्सव का मुख्य उद्देश्य हर बच्चे का गरिमापूर्ण स्वागत करना, समाज में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के प्रति जागरूकता फैलाना तथा स्कूलों में तनावमुक्त व आनंददायी माहौल तैयार करना है। यह आयोजन राज्य सरकार की उस प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसका लक्ष्य हर बच्चे के उज्ज्वल एवं स्वर्णिम भविष्य की मजबूत नींव रखना है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Adblock Detected

Please consider supporting us by disabling your ad blocker